अध्याय 2 – सांख्य योग श्लोक 23 नैनं छिन्दन्ति शस्त्राणि नैनं दहति पावक: | न चैनं क्लेदयन्त्यापो न शोषयति मारुत:…
प्रदोष व्रत कथा (स्कंद पुराण के अनुसार विस्तृत रूप में) प्राचीन काल में एक गाँव में एक विधवा ब्राह्मणी रहती…
जया एकादशी हिंदू धर्म की एक अत्यंत पुण्यदायक एकादशी है। यह व्रत भगवान विष्णु को समर्पित होता है और माघ…
अध्याय 2 – सांख्य योग श्लोक 22 वासांसि जीर्णानि यथा विहाय नवानि गृह्णाति नरोऽपराणि | तथा शरीराणि विहाय जीर्णा न्यन्यानि…
यह हिंदू धर्म का एक प्रमुख त्योहार है जो वसंत ऋतु के आगमन का प्रतीक है। यह माघ मास के…
अध्याय 2 – सांख्य योग श्लोक 20 न जायते म्रियते वा कदाचि नायं भूत्वा भविता वा न भूय: | अजो…
अध्याय 2 – सांख्य योग श्लोक 19 य एनं वेत्ति हन्तारं यश्चैनं मन्यते हतम् | उभौ तौ न विजानीतो नायं…
अध्याय 2 – सांख्य योग श्लोक 18 अन्तवन्त इमे देहा नित्यस्योक्ता: शरीरिण: | अनाशिनोऽप्रमेयस्य तस्माद्युध्यस्व भारत || 18|| सरल हिंदी…
मौनी अमावस्या हिंदू धर्म में एक विशेष और पवित्र दिन है, जो माघ माह की अमावस्या (नए चंद्रमा का दिन)…
अध्याय 2 – सांख्य योग श्लोक 17 अविनाशि तु तद्विद्धि येन सर्वमिदं ततम् | विनाशमव्ययस्यास्य न कश्चित्कर्तुमर्हति || 17|| सरल…
अध्याय 2 – सांख्य योग श्लोक 16 नासतो विद्यते भावो नाभावो विद्यते सत: | उभयोरपि दृष्टोऽन्तस्त्वनयोस्तत्त्वदर्शिभि: || 16|| सरल हिंदी…
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Shrimad Bhagavad Gita Chapter–2 Shalok–21 | श्रीमद् भगवदगीता अध्याय दो–श्लोक इक्कीस | PDF
अध्याय 2 – सांख्य योग श्लोक 21 वेदाविनाशिनं नित्यं य एनमजमव्ययम् | कथं स पुरुष: पार्थ कं घातयति हन्ति कम्…